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Bhadro – Ashshin · 1351

बंगाली कैलेंडर सितंबर 1944

सितंबर 1944 · 30 दिन
नई दिल्ली, दिल्ली, भारत बदलें

सितंबर 1944 में बंगाली महीने

Bhadro 17 अग॰ – 16 सित॰ 1944
Ashshin 17 सित॰ – 16 अक्तू॰ 1944 आरंभ · रवि 17 सित॰

सितंबर 1944 का संबंध Bhadro – Ashshin से है। भाद्र में जन्माष्टमी और राधाष्टमी तथा उत्तर-वर्षा के व्रत आते हैं, जब वर्ष शरद् के महान उत्सव की ओर बढ़ता है। मुख्य पर्व: अनंत चतुर्दशी (1 सित॰), ओणम (1 सित॰), पितृ पक्ष (3 सित॰)। 30 दिनों की गुणवत्ता: 1 अत्यंत शुभ, 1 अनुकूल, 20 मिश्रित। एकादशी व्रत: 13 सित॰, 28 सित॰। वैदिक पंचांग में नए हैं? देखें यह कैसे काम करता है।

दिन की शुरुआत
v1 में केवल प्रदर्शन; गणना सूर्योदय आधारित है।
समय प्रारूप
सेल घनत्व
त्योहार और व्रत दिखाएँ
पंचक / भद्रा दिखाएँ
1
उत्तम
1
शुभ
20
मिश्रित
8
चुनौतीपूर्ण
सितंबर में 19 पर्व
दिखाएँ
रवि सोम मंगल बुध गुरु शुक्र शनि
1 त्रयोदशी अनंत चतुर्दशी 2 पूर्णिमा पूर्णिमा व्रत 3 प्रतिपदा पितृ पक्ष 4 द्वितीया 5 तृतीया संकष्टी चतुर्थी 6 चतुर्थी 7 पंचमी 8 षष्ठी 9 अष्टमी 10 नवमी 11 दशमी 12 दशमी 13 एकादशी इंदिरा एकादशी 14 द्वादशी कृष्ण प्रदोष व्रत 15 त्रयोदशी मासिक शिवरात्रि 16 चतुर्दशी कन्या संक्रांति सर्व पितृ अमावस्या 17 अमावस्या Ashshin आरंभ अमावस्या शरद नवरात्रि 18 प्रतिपदा शरद नवरात्रि शरद नवरात्रि 19 द्वितीया 20 तृतीया 21 चतुर्थी विनायक चतुर्थी 22 पंचमी 23 षष्ठी महा षष्ठी महा सप्तमी 24 सप्तमी महा सप्तमी महा सप्तमी दुर्गा अष्टमी 25 अष्टमी दुर्गा अष्टमी दुर्गा अष्टमी महा नवमी (दुर्गा पूजा) 26 नवमी महा नवमी (दुर्गा पूजा) महा नवमी (दुर्गा पूजा) विजया दशमी (बिजोया दशमी) 27 दशमी विजया दशमी (बिजोया दशमी) विजया दशमी (बिजोया दशमी) 28 एकादशी पापांकुशा एकादशी 29 द्वादशी 30 त्रयोदशी शुक्ल प्रदोष व्रत
मुख्य त्योहार त्योहार व पूजा व्रत, एकादशी व उपवास

किसी भी दिन पर टैप करके पूरा पंचांग देखें। ग्रिड चौड़ा करने के लिए झलकियाँ पैनल (★) छिपाएँ।