बंगाली कैलेंडर अक्तूबर 1933
अक्तूबर 1933 में बंगाली महीने
अक्तूबर 1933 का संबंध Ashshin – Kartik से है। आश्विन बंगाली वर्ष का भावनात्मक शिखर है: विश्वकर्मा पूजा इसे खोलती है, महालया देवी पक्ष आरम्भ करती है, और षष्ठी से विजया दशमी तक दुर्गा पूजा महीने को भर देती है, साथ ही कोजागरी पूर्णिमा पर लक्ष्मी पूजा। मुख्य पर्व: शरद पूर्णिमा (2 अक्तू॰), गांधी जयंती (2 अक्तू॰), करवा चौथ (7 अक्तू॰)। 31 दिनों की गुणवत्ता: 1 अत्यंत शुभ, 6 अनुकूल, 14 मिश्रित। एकादशी व्रत: 15 अक्तू॰, 29 अक्तू॰। वैदिक पंचांग में नए हैं? देखें यह कैसे काम करता है।
16
द्वादशी
धनतेरस
+2 और
धनतेरस
तुला संक्रांति
कृष्ण प्रदोष व्रत
17
त्रयोदशी
Kartik आरंभ
भूत चतुर्दशी
मासिक शिवरात्रि
18
चतुर्दशी
दीपावली
+2 और
काली पूजा
दीपावली
अमावस्या
19
अमावस्या
20
प्रतिपदा
भाई दूज
21
तृतीया
22
चतुर्थी
विनायक चतुर्थी
23
पंचमी
24
षष्ठी
25
सप्तमी
26
अष्टमी
27
नवमी
जगद्धात्री पूजा
28
दशमी
कंस वध
29
एकादशी
देवउठनी एकादशी
30
द्वादशी
तुलसी विवाह
शुक्ल प्रदोष व्रत
31
त्रयोदशी
16
सोम
धनतेरस
तुला संक्रांति
कृष्ण प्रदोष व्रत
17
मंगल
भूत चतुर्दशी
मासिक शिवरात्रि
18
बुध
काली पूजा
दीपावली
अमावस्या
20
शुक्र
भाई दूज
22
रवि
विनायक चतुर्थी
27
शुक्र
जगद्धात्री पूजा
28
शनि
कंस वध
29
रवि
देवउठनी एकादशी
30
सोम
तुलसी विवाह
शुक्ल प्रदोष व्रत
किसी भी दिन पर टैप करके पूरा पंचांग देखें। ग्रिड चौड़ा करने के लिए झलकियाँ पैनल (★) छिपाएँ।