मार्च 1935 का संबंध मार्च से है। वर्ष रंगों में समाप्त होता है: महाशिवरात्रि का जागरण, फिर देशभर में होली, जब शीत विदा लेता है और वसन्त की फसलें कटाई की ओर पकती हैं। मुख्य पर्व: महाशिवरात्रि (3 मार्च), होलिका दहन (19 मार्च), होली (20 मार्च)। 31 दिनों की गुणवत्ता: 0 अत्यंत शुभ, 9 अनुकूल, 16 मिश्रित। एकादशी व्रत: 1 मार्च, 15 मार्च, 31 मार्च। वैदिक पंचांग में नए हैं? देखें यह कैसे काम करता है।
20
पूर्णिमा
होली
+1 और
होली
पूर्णिमा व्रत
21
प्रतिपदा
22
द्वितीया
संत तुकाराम बीज
23
तृतीया
तिथि के अनुसार छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती
संकष्टी चतुर्थी
24
चतुर्थी
25
पंचमी
रंग पंचमी
26
षष्ठी
एकनाथ षष्ठी
27
सप्तमी
कालाष्टमी
शीतला अष्टमी
28
अष्टमी
29
नवमी
30
दशमी
पापमोचनी एकादशी
31
एकादशी
20
बुध
होली
पूर्णिमा व्रत
22
शुक्र
संत तुकाराम बीज
23
शनि
तिथि के अनुसार छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती
संकष्टी चतुर्थी
25
सोम
रंग पंचमी
26
मंगल
एकनाथ षष्ठी
27
बुध
कालाष्टमी
शीतला अष्टमी
30
शनि
पापमोचनी एकादशी
किसी भी दिन पर टैप करके पूरा पंचांग देखें। ग्रिड चौड़ा करने के लिए झलकियाँ पैनल (★) छिपाएँ।