मार्च 1947 में बंगाली महीने
मार्च 1947 का संबंध Falgun – Choitro से है। चैत्र बंगाली वर्ष को चड़क पूजा और गाजन के साथ समाप्त करता है: चैत्र संक्रान्ति की पूर्वसन्ध्या पर शिव के प्राचीन लोक-शैव अनुष्ठान, इससे पहले कि पोइला बोइशाख चक्र को नवीनीकृत करे। मुख्य पर्व: होलिका दहन (6 मार्च), होली (7 मार्च), तिथि के अनुसार छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती (9 मार्च)। 31 दिनों की गुणवत्ता: 2 अत्यंत शुभ, 3 अनुकूल, 17 मिश्रित। एकादशी व्रत: 3 मार्च, 18 मार्च। वैदिक पंचांग में नए हैं? देखें यह कैसे काम करता है।
7
पूर्णिमा
होली
+1 और
होली
पूर्णिमा व्रत
8
प्रतिपदा
9
तृतीया
10
चतुर्थी
संकष्टी चतुर्थी
11
पंचमी
12
पंचमी
13
षष्ठी
14
सप्तमी
मीन संक्रांति
शीतला अष्टमी
15
अष्टमी
Choitro आरंभ
16
नवमी
17
दशमी
18
एकादशी
पापमोचनी एकादशी
19
द्वादशी
20
त्रयोदशी
कृष्ण प्रदोष व्रत
मासिक शिवरात्रि
21
चतुर्दशी
22
अमावस्या
अमावस्या
23
प्रतिपदा
चैत्र नवरात्रि
24
द्वितीया
25
तृतीया
26
चतुर्थी
विनायक चतुर्थी
27
पंचमी
28
षष्ठी
यमुना छठ
29
सप्तमी
30
अष्टमी
राम नवमी
अन्नपूर्णा पूजा
बासंती पूजा
31
नवमी
स्वामीनारायण जयंती
7
शुक्र
होली
पूर्णिमा व्रत
10
सोम
संकष्टी चतुर्थी
14
शुक्र
मीन संक्रांति
शीतला अष्टमी
18
मंगल
पापमोचनी एकादशी
20
गुरु
कृष्ण प्रदोष व्रत
मासिक शिवरात्रि
22
शनि
अमावस्या
23
रवि
चैत्र नवरात्रि
26
बुध
विनायक चतुर्थी
28
शुक्र
यमुना छठ
30
रवि
राम नवमी
अन्नपूर्णा पूजा
बासंती पूजा
31
सोम
स्वामीनारायण जयंती
किसी भी दिन पर टैप करके पूरा पंचांग देखें। ग्रिड चौड़ा करने के लिए झलकियाँ पैनल (★) छिपाएँ।