बंगाली कैलेंडर अक्तूबर 1951
अक्तूबर 1951 में बंगाली महीने
अक्तूबर 1951 का संबंध Ashshin – Kartik से है। आश्विन बंगाली वर्ष का भावनात्मक शिखर है: विश्वकर्मा पूजा इसे खोलती है, महालया देवी पक्ष आरम्भ करती है, और षष्ठी से विजया दशमी तक दुर्गा पूजा महीने को भर देती है, साथ ही कोजागरी पूर्णिमा पर लक्ष्मी पूजा। मुख्य पर्व: शरद नवरात्रि (2 अक्तू॰), गांधी जयंती (2 अक्तू॰), महा षष्ठी (6 अक्तू॰)। 31 दिनों की गुणवत्ता: 1 अत्यंत शुभ, 7 अनुकूल, 13 मिश्रित। एकादशी व्रत: 11 अक्तू॰, 26 अक्तू॰। वैदिक पंचांग में नए हैं? देखें यह कैसे काम करता है।
2
प्रतिपदा
शरद नवरात्रि
+1 और
गांधी जयंती
शरद नवरात्रि
3
तृतीया
4
चतुर्थी
विनायक चतुर्थी
5
पंचमी
6
षष्ठी
महा षष्ठी
7
सप्तमी
महा सप्तमी
महा सप्तमी
8
अष्टमी
दुर्गा अष्टमी
दुर्गा अष्टमी
9
नवमी
महा नवमी (दुर्गा पूजा)
महा नवमी (दुर्गा पूजा)
10
दशमी
विजया दशमी (बिजोया दशमी)
विजया दशमी (बिजोया दशमी)
11
एकादशी
पापांकुशा एकादशी
12
द्वादशी
शुक्ल प्रदोष व्रत
13
त्रयोदशी
14
चतुर्दशी
शरद पूर्णिमा
15
प्रतिपदा
पूर्णिमा व्रत
16
द्वितीया
17
द्वितीया
तुला संक्रांति
18
तृतीया
Kartik आरंभ
संकष्टी चतुर्थी
19
चतुर्थी
20
पंचमी
21
षष्ठी
22
सप्तमी
23
अष्टमी
24
नवमी
25
दशमी
26
एकादशी
रमा एकादशी
27
द्वादशी
गोवत्स द्वादशी
28
त्रयोदशी
धनतेरस
+2 और
धनतेरस
कृष्ण प्रदोष व्रत
मासिक शिवरात्रि
29
चतुर्दशी
काली पूजा
भूत चतुर्दशी
30
अमावस्या
दीपावली
+1 और
दीपावली
अमावस्या
31
प्रतिपदा
2
मंगल
गांधी जयंती
शरद नवरात्रि
4
गुरु
विनायक चतुर्थी
6
शनि
महा षष्ठी
7
रवि
महा सप्तमी
8
सोम
दुर्गा अष्टमी
9
मंगल
महा नवमी (दुर्गा पूजा)
10
बुध
विजया दशमी (बिजोया दशमी)
11
गुरु
पापांकुशा एकादशी
12
शुक्र
शुक्ल प्रदोष व्रत
14
रवि
शरद पूर्णिमा
15
सोम
पूर्णिमा व्रत
17
बुध
तुला संक्रांति
18
गुरु
संकष्टी चतुर्थी
26
शुक्र
रमा एकादशी
27
शनि
गोवत्स द्वादशी
28
रवि
धनतेरस
कृष्ण प्रदोष व्रत
मासिक शिवरात्रि
29
सोम
काली पूजा
भूत चतुर्दशी
30
मंगल
दीपावली
अमावस्या
किसी भी दिन पर टैप करके पूरा पंचांग देखें। ग्रिड चौड़ा करने के लिए झलकियाँ पैनल (★) छिपाएँ।