बंगाली कैलेंडर अक्तूबर 1940
अक्तूबर 1940 में बंगाली महीने
अक्तूबर 1940 का संबंध Ashshin – Kartik से है। आश्विन बंगाली वर्ष का भावनात्मक शिखर है: विश्वकर्मा पूजा इसे खोलती है, महालया देवी पक्ष आरम्भ करती है, और षष्ठी से विजया दशमी तक दुर्गा पूजा महीने को भर देती है, साथ ही कोजागरी पूर्णिमा पर लक्ष्मी पूजा। मुख्य पर्व: सर्व पितृ अमावस्या (1 अक्तू॰), शरद नवरात्रि (2 अक्तू॰), गांधी जयंती (2 अक्तू॰)। 31 दिनों की गुणवत्ता: 2 अत्यंत शुभ, 3 अनुकूल, 20 मिश्रित। एकादशी व्रत: 11 अक्तू॰, 27 अक्तू॰। वैदिक पंचांग में नए हैं? देखें यह कैसे काम करता है।
2
प्रतिपदा
शरद नवरात्रि
+1 और
गांधी जयंती
शरद नवरात्रि
3
द्वितीया
4
तृतीया
विनायक चतुर्थी
5
पंचमी
6
षष्ठी
महा षष्ठी
7
सप्तमी
महा सप्तमी
महा सप्तमी
8
अष्टमी
दुर्गा अष्टमी
दुर्गा अष्टमी
9
नवमी
महा नवमी (दुर्गा पूजा)
महा नवमी (दुर्गा पूजा)
10
दशमी
विजया दशमी (बिजोया दशमी)
विजया दशमी (बिजोया दशमी)
11
एकादशी
पापांकुशा एकादशी
12
द्वादशी
13
त्रयोदशी
शुक्ल प्रदोष व्रत
14
त्रयोदशी
15
चतुर्दशी
शरद पूर्णिमा
16
पूर्णिमा
तुला संक्रांति
पूर्णिमा व्रत
17
प्रतिपदा
Kartik आरंभ
18
द्वितीया
19
तृतीया
20
चतुर्थी
संकष्टी चतुर्थी
21
पंचमी
22
षष्ठी
23
सप्तमी
24
अष्टमी
25
नवमी
26
दशमी
27
एकादशी
गोवत्स द्वादशी
रमा एकादशी
28
द्वादशी
धनतेरस
+1 और
धनतेरस
कृष्ण प्रदोष व्रत
29
त्रयोदशी
भूत चतुर्दशी
मासिक शिवरात्रि
30
चतुर्दशी
दीपावली
+2 और
काली पूजा
दीपावली
अमावस्या
31
प्रतिपदा
2
बुध
गांधी जयंती
शरद नवरात्रि
4
शुक्र
विनायक चतुर्थी
6
रवि
महा षष्ठी
7
सोम
महा सप्तमी
8
मंगल
दुर्गा अष्टमी
9
बुध
महा नवमी (दुर्गा पूजा)
10
गुरु
विजया दशमी (बिजोया दशमी)
11
शुक्र
पापांकुशा एकादशी
13
रवि
शुक्ल प्रदोष व्रत
15
मंगल
शरद पूर्णिमा
16
बुध
तुला संक्रांति
पूर्णिमा व्रत
20
रवि
संकष्टी चतुर्थी
27
रवि
गोवत्स द्वादशी
रमा एकादशी
28
सोम
धनतेरस
कृष्ण प्रदोष व्रत
29
मंगल
भूत चतुर्दशी
मासिक शिवरात्रि
30
बुध
काली पूजा
दीपावली
अमावस्या
किसी भी दिन पर टैप करके पूरा पंचांग देखें। ग्रिड चौड़ा करने के लिए झलकियाँ पैनल (★) छिपाएँ।