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छत्रपति शिवाजी महाराज की अश्वारूढ़ प्रतिमा और केसरिया ध्वज

छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती

आगामी
179 दिनों में
प्रमुख पर्व क्षेत्रीय पर्व
2027 में छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती 19 फ़रवरी 2027, शुक्रवार को है। महाराष्ट्र का आधिकारिक स्मरणोत्सव 19 फ़रवरी को निश्चित है और प्रतिमाओं पर पुष्पांजलि, शोभायात्रा, इतिहास-सांस्कृतिक कार्यक्रम, पोवाड़े तथा संबंधित किलों पर आयोजनों के माध्यम से शिवाजी महाराज का सम्मान करता है।

यह कब पड़ता है

तिथि बदलती है क्योंकि यह चंद्रमा का अनुसरण करती है, ग्रेगोरियन कैलेंडर का नहीं।

2024 19 फ़र॰
सोम
2025 19 फ़र॰
बुध
2026 19 फ़र॰
गुरु
2027 19 फ़र॰
शुक्र
2028 19 फ़र॰
शनि
2029 19 फ़र॰
सोम

भारत (IST) के लिए सटीक पंचांग गणना। दूर पूर्व या पश्चिम के स्थानों पर तिथि एक दिन आगे-पीछे हो सकती है।

छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती क्या स्मरण करती है

छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती छत्रपति शिवाजी महाराज की जन्म-जयंती है, जिनका जन्म 19 फ़रवरी 1630 को शिवनेरी किले में हुआ। उन्होंने सत्रहवीं शताब्दी में मराठा राज्य की स्थापना की और सैन्य नेतृत्व, किलों, प्रशासन तथा स्वराज्य के आदर्श से जुड़े महाराष्ट्र के ऐतिहासिक स्मरण में केंद्रीय स्थान रखते हैं।

यह किसी देवता का पर्व नहीं, बल्कि नागरिक और ऐतिहासिक स्मरणोत्सव है। सार्वजनिक कार्यक्रम उनके जीवन, नेतृत्व, सैन्य संगठन, प्रशासन और महाराष्ट्र के किलों से संबंध को सामने लाते हैं। पोवाड़े, व्याख्यान, नाटक, प्रदर्शनियाँ और विद्यालयी कार्यक्रम इस दिन को सामूहिक स्मरण के साथ इतिहास-शिक्षा का अवसर भी बनाते हैं।

महाराष्ट्र में दो तिथि-परंपराएँ मिलती हैं: 19 फ़रवरी का आधिकारिक राज्य स्मरणोत्सव और फाल्गुन कृष्ण तृतीया की अलग गणना वाली तिथि के अनुसार छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती। यह पृष्ठ निश्चित नागरिक तिथि का स्मरणोत्सव दिखाता है; लिंक वाला पृष्ठ हर वर्ष बदलने वाली चंद्र तिथि बताता है।

अनुष्ठान एवं परंपरा

शिवाजी महाराज जयंती किसी एक अनिवार्य धार्मिक विधि के बजाय स्मारक, शैक्षिक, सांस्कृतिक और धरोहर-केंद्रित कार्यक्रमों से मनाई जाती है।

  • स्मारकों पर पुष्पांजलि: छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमाओं, चित्रों और सार्वजनिक स्मारकों को साफ-सजाकर फूल और मालाएँ अर्पित की जाती हैं।
  • शोभायात्रा और ध्वज: स्थानीय नागरिक व्यवस्था के अनुसार समुदाय पारंपरिक वेशभूषा, संगीत और केसरिया ध्वजों के साथ रैली और शोभायात्रा आयोजित करते हैं।
  • पोवाड़ा और इतिहास-कथन: गायक, वक्ता और रंगमंच समूह पोवाड़ों, नाटकों, व्याख्यानों और पाठ के माध्यम से शिवाजी महाराज के जीवन के प्रसंग सुनाते हैं।
  • किलों पर कार्यक्रम: शिवनेरी, रायगढ़, सिंहगढ़ और मराठा इतिहास से जुड़े अन्य किलों पर स्मरण-सभा, सांस्कृतिक प्रस्तुति और इतिहास-परिचय के कार्यक्रम होते हैं।
  • धरोहर और जनसेवा: विद्यालय और सामुदायिक समूह प्रदर्शनी, प्रतियोगिता, किला-सफाई या दिन के नागरिक अर्थ से जुड़े सेवा-कार्य आयोजित कर सकते हैं।

क्षेत्रीय विविधताएँ

महाराष्ट्र — राज्यव्यापी स्मरणोत्सव
19 फ़रवरी का आधिकारिक स्मरणोत्सव राज्य भर में सरकारी संस्थाओं, विद्यालयों, नागरिक समूहों और स्थानीय समुदायों द्वारा पुष्पांजलि और सांस्कृतिक कार्यक्रमों से मनाया जाता है।
शिवनेरी और किलों की परंपरा
छत्रपति शिवाजी महाराज की जन्मभूमि शिवनेरी तथा रायगढ़ और सिंहगढ़ जैसे किले स्मरण-सभाओं, ऐतिहासिक प्रस्तुतियों और धरोहर-केंद्रित कार्यक्रमों के प्रमुख स्थान बनते हैं।
यह तिथि कैसे निर्धारित होती है

यह पर्व हर वर्ष ग्रेगोरियन कैलेंडर की इसी निश्चित तिथि पर मनाया जाता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

2027 में छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती कब है?
महाराष्ट्र का आधिकारिक स्मरणोत्सव हर वर्ष 19 फ़रवरी को निश्चित है। 2027 में यह 19 फ़रवरी 2027, शुक्रवार को है। चंद्र जन्म-तिथि के अनुसार अलग स्मरणोत्सव किसी दूसरी नागरिक तिथि पर पड़ सकता है।
शिवाजी महाराज जयंती किसकी जन्म-जयंती है?
यह 1630 में शिवनेरी किले में जन्मे छत्रपति शिवाजी महाराज की जन्म-जयंती है। उन्होंने मराठा राज्य की स्थापना की और नेतृत्व, सैन्य संगठन, किलों, प्रशासन तथा स्वराज्य के आदर्श के लिए स्मरण किए जाते हैं।
शिवाजी महाराज जयंती 19 फ़रवरी को क्यों मनाई जाती है?
महाराष्ट्र का आधिकारिक नागरिक स्मरणोत्सव जन्म-जयंती की निश्चित तिथि 19 फ़रवरी को मानता है। सरकारी कार्यालय, सार्वजनिक संस्थाएँ, विद्यालय और समुदाय अपने वार्षिक कार्यक्रम इसी तिथि पर आयोजित करते हैं।
शिव जयंती की दूसरी तिथि कभी-कभी क्यों दिखाई जाती है?
कुछ समूह फाल्गुन कृष्ण तृतीया की जन्म-तिथि के अनुसार जयंती मनाते हैं। चंद्र तिथि अंग्रेज़ी कैलेंडर के मुकाबले बदलती रहती है, इसलिए उसका दिन अलग हो सकता है; हर वर्ष की गणना के लिए तिथि के अनुसार छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती पृष्ठ देखें।
छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती कैसे मनाई जाती है?
सामान्य आयोजनों में प्रतिमाओं और स्मारकों पर पुष्पांजलि, शोभायात्रा, पोवाड़ा गायन, नाटक और व्याख्यान, विद्यालयी कार्यक्रम, ऐतिहासिक प्रदर्शनियाँ तथा शिवाजी महाराज से जुड़े किलों पर सभा या धरोहर-कार्य शामिल हैं।

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