विक्रम संवत 39 – 40
हिन्दू त्योहार 1982
Mumbai, Maharashtra, India · 12 चांद्र मास
Mumbai, Maharashtra, India
बदलें
1982 में हिन्दू कैलेंडर के अनुसार 286 त्योहार और व्रत-पर्व आते हैं। प्रमुख उत्सवों में शामिल हैं: Republic Day, Holi, Independence Day, Sharad Navratri, Dussehra। वैदिक पंचांग में नए हैं? देखें यह कैसे काम करता है।
जनवरी
Maghaव्रत एवं उपवास के दिन
चतुर्थी व चौथ
शिवरात्रि
पूर्णिमा
अमावस्या
अन्य उपवास
फ़रवरी
Phalgunaव्रत एवं उपवास के दिन
एकादशी
चतुर्थी व चौथ
शिवरात्रि
पूर्णिमा
अन्य उपवास
मार्च
Chaitraअप्रैल
Vaisakha
APR1
Goddess Annapurna
APR1
Goddess Durga
APR2
Lord Rama
APR2
Swaminarayan
APR6
Lord Mahavir
APR8
Lord Hanuman
APR13
Lord Shiva (Neelkantha)
APR14
Lord Shiva
APR25
Lord Parashurama
APR26
Lord Vishnu, Goddess Lakshmi
APR29
Goddess Ganga
व्रत एवं उपवास के दिन
चतुर्थी व चौथ
शिवरात्रि
पूर्णिमा
अन्य उपवास
मई
Jyaisthaजून
Ashadhaजुलाई
Shravanaअगस्त
Bhadrapada
AUG4
Goddess Gayatri
AUG9
Manasa, Naga (Serpent deities)
AUG10
Naga (Serpent deities)
AUG12
Lord Krishna
AUG15
Independence Day
मुख्य
AUG21
Lord Vishnu (Varaha avatar)
AUG22
Lord Ganesha
AUG24
Lord Balarama
AUG26
Radha
AUG26
Goddess Gauri (Mahalakshmi)
AUG27
Goddess Gauri (Mahalakshmi)
AUG28
Goddess Gauri (Mahalakshmi)
AUG31
Lord Vishnu (Vamana avatar)
व्रत एवं उपवास के दिन
एकादशी
चतुर्थी व चौथ
शिवरात्रि
पूर्णिमा
सितंबर
Ashvina
SEP2
Lord Vishnu, Lord Ganesha
व्रत एवं उपवास के दिन
चतुर्थी व चौथ
शिवरात्रि
पूर्णिमा
अमावस्या
अक्तूबर
Kartika
OCT17
Sharad Navratri
मुख्य
Goddess Durga
OCT22
Goddess Saraswati
OCT23
Goddess Saraswati
OCT23
Goddess Durga
OCT24
Goddess Saraswati
OCT24
Goddess Durga
OCT25
Goddess Durga
OCT26
Goddess Durga
OCT26
Goddess Saraswati
OCT26
Goddess Durga
OCT27
Goddess Durga
OCT31
Goddess Lakshmi, Lord Krishna
व्रत एवं उपवास के दिन
चतुर्थी व चौथ
शिवरात्रि
पूर्णिमा
अन्य उपवास
नवंबर
Margashirsha
NOV13
Lord Hanuman
NOV14
Lord Krishna
NOV15
Goddess Lakshmi, Goddess Sharda
NOV16
Lord Krishna
NOV17
Yama, Yamuna
NOV22
Surya (Sun God), Chhathi Maiya
NOV23
Sant Jalaram Bapa
NOV25
Goddess Jagaddhatri
NOV26
Lord Krishna
NOV28
Tulsi, Lord Vishnu
NOV30
Lord Shiva
NOV30
Lord Krishna, Radha
व्रत एवं उपवास के दिन
चतुर्थी व चौथ
शिवरात्रि
पूर्णिमा
अमावस्या
दिसंबर
Paushaकुछ भी चयनित नहीं — ऊपर कम से कम एक श्रेणी चालू करें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
कौन-से पर्व हर वर्ष लगभग एक ही ग्रेगोरियन तारीख पर पड़ते हैं?
सूर्य-आधारित पर्व सौर राशि-प्रवेश से जुड़े हैं, चन्द्र तिथि से नहीं, इसलिए ग्रेगोरियन कैलेंडर पर एक-दो दिन के अन्दर स्थिर रहते हैं। मकर संक्रान्ति सदा 14-15 जनवरी को (सूर्य मकर में प्रवेश)। मेष संक्रान्ति 13-14 अप्रैल को — पंजाब में बैसाखी, तमिलनाडु में पुथंडु, बंगाल में पोइला बैशाख। कर्क संक्रान्ति 15-16 जुलाई को। इनके अलावा सभी प्रमुख हिन्दू पर्व — दीपावली, होली, नवरात्रि, जन्माष्टमी, गणेश चतुर्थी, राम नवमी, एकादशियाँ — चन्द्र आधारित हैं और हर वर्ष ग्रेगोरियन कैलेंडर पर लगभग 11 दिन पहले खिसकती हैं।
चातुर्मास क्या है और यह कब होता है?
चातुर्मास का अर्थ है 'चार मास' — देवशयनी एकादशी (आषाढ़ शुक्ल 11, सामान्यतः जून के अंत या जुलाई की शुरुआत) से देवउठनी एकादशी (कार्तिक शुक्ल 11, सामान्यतः अक्टूबर-नवम्बर) तक की अवधि। इस काल में भगवान विष्णु योगनिद्रा में माने जाते हैं और अधिकांश हिन्दू परिवारों में कोई विवाह, उपनयन, गृह प्रवेश या मुंडन नहीं होता। वैष्णव और अधिकांश उत्तर भारतीय परिवार पूरे चार मास का पालन करते हैं; कुछ समुदाय केवल मूल दो मास (आषाढ़-भाद्रपद) मानते हैं। देवउठनी एकादशी जिसे तुलसी विवाह भी कहते हैं, पर चातुर्मास समाप्त होता है और विवाह-ऋतु शुरू होती है।
हिन्दू वर्ष में प्रमुख एकादशियाँ कब आती हैं?
सामान्य वर्ष में 24 एकादशियाँ होती हैं — प्रत्येक चन्द्र मास में दो (शुक्ल और कृष्ण पक्ष की एक-एक); अधिक मास वाले वर्ष में दो अतिरिक्त। चार विशेष महत्व की: देवशयनी एकादशी (आषाढ़ शुक्ल 11) — चातुर्मास आरम्भ; देवउठनी एकादशी (कार्तिक शुक्ल 11) — चातुर्मास समाप्त; वैकुण्ठ एकादशी (मार्गशीर्ष शुक्ल 11, तमिल मार्गाझी में) — सर्वोच्च वैष्णव एकादशी; मोक्षदा एकादशी (मार्गशीर्ष शुक्ल 11, उत्तर भारतीय मान्यता में) — भगवद्गीता प्रकटन दिवस। अधिकांश नियमित वैष्णव सभी 24 एकादशियों का पालन करते हैं।
अमान्त-पूर्णिमान्त टॉगल वार्षिक पर्व-सूची को कैसे प्रभावित करता है?
पर्व-तिथियाँ दोनों पंथों में बिल्कुल समान हैं — दीपावली एक ही ग्रेगोरियन तारीख पर, होली एक ही तारीख पर, प्रत्येक एकादशी एक ही तारीख पर। टॉगल केवल यह बदलता है कि किस पर्व को किस चन्द्र मास के नाम के अन्तर्गत सूचीबद्ध किया जाए। भाद्रपद कृष्ण पक्ष का पितृ पक्ष पूर्णिमान्त में भाद्रपद के अन्तर्गत रहता है, लेकिन अमान्त में अश्विन के अन्तर्गत दिखता है — तारीखें वही, शीर्षक अलग। अधिकांश पर्व-योजना के लिए यह अंतर अनुभव नहीं होता; यह मुख्यतः तब मायने रखता है जब आपका पंचांग किसी पर्व को 'अश्विन कृष्ण अष्टमी' कहे और हमारी सूची 'भाद्रपद कृष्ण अष्टमी'।
इस हिन्दू कैलेंडर और तमिल या बंगाली कैलेंडर में क्या अंतर है?
यह हिन्दू कैलेंडर चन्द्र मासों का उपयोग करता है — चैत्र, वैशाख, ज्येष्ठ, आषाढ़, श्रावण, भाद्रपद, अश्विन, कार्तिक, मार्गशीर्ष, पौष, माघ, फाल्गुन — जो ग्रेगोरियन वर्ष के सापेक्ष खिसकते रहते हैं। तमिल कैलेंडर सौर मासों (चित्तिरै, वैकाशि, आनि…) पर आधारित है जो सूर्य की राशि-स्थिति से बँधे हैं; तमिल मास ग्रेगोरियन कैलेंडर पर स्थिर रहते हैं। बंगाली कैलेंडर भी सौर है (बोइशाख, जेष्ठ, आषाढ़…) और उसकी अपनी वर्ष-गणना है। यह हिन्दू पृष्ठ सर्वभारतीय पर्व दर्शाता है। इस वेबसाइट के तमिल और बंगाली परम्परा पृष्ठ क्षेत्रीय पर्व (पोंगल, नब बर्षो) भी जोड़ते हैं।
विक्रम संवत वर्ष अन्य स्रोतों में 2082 क्यों दिखता है?
विक्रम संवत के नव-वर्षारम्भ की दो परम्पराएँ हैं। उत्तर भारतीय परम्परा — जो इस पृष्ठ पर है — चैत्र शुक्ल प्रतिपदा पर नया संवत आरम्भ करती है, जो मार्च-अप्रैल में पड़ती है। इसलिए 1 जनवरी से चैत्र शुक्ल प्रतिपदा तक संवत 2082 रहता है; उसके बाद 2083 होता है। गुजराती परम्परा कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा — दीपावली के अगले दिन बेस्तु वरस — पर संवत बदलती है। अतः गुजराती स्रोतों में दीपावली 2025 पर 2082 और दीपावली 2026 पर 2083 होगा। दोनों मान्य हैं; पृष्ठ स्पष्ट करता है कि वह किस परम्परा का अनुसरण करता है।